Month : September 2017

HINDI

जीवन को तुम जितना समझोगे, उतना ही पाओगे तुम कि तुम कर्ता नहीं हो, घटनाएं घट रही हैं;

Rajesh Ramdev Ram
जीवन को तुम जितना समझोगे, उतना ही पाओगे तुम कि तुम कर्ता नहीं हो, घटनाएं घट रही हैं; हैप्पनिंग्स हैं। प्रेम उतरता है, हो जाता...